[15] मानस में आयुध विज्ञान
How to Cite : उमा (2026). मानस में आयुध विज्ञान. International Journal of Multidisciplinary Research & Reviews, 5(8),148-156. https://doi.org/10.56815/ijmrr.v5i8.2026.148-156
Abstract
यह शोध - पत्र रामचरितमानस में निहित आयुध विज्ञान का विश्लेषण प्रस्तुत करता है। अध्ययन का मुख्य उद्देश्य मानस में वर्णित विभिन्न अस्त्र - शस्त्रों ,उनके प्रयोग तथा युद्ध नीति की वैज्ञानिक एवं व्यावहारिक व्याख्या करना है। इस शोध में वर्णनात्मक एवं विश्लेषणात्मक पद्धति का उपयोग किया गया है। विश्लेषण से स्पष्ट होता है कि मानस में ब्रह्मास्त्र, आग्नेयास्त्र, वायव्यास्त्र, दिव्यास्त्र जैसे महाशक्तिशाली अस्त्रों का प्रयोग हुआ है। यह केवल पौराणिक वर्णन ही नहीं है अपितु तात्कालीन युद्ध कौशल और कला - तकनीकी की दक्षता का द्योतक है। यह अध्ययन दर्शाता है कि प्राचीन भारतीय साहित्य न केवल सांस्कृतिक नैतिक मूल्यों के साथ - साथ विज्ञान एवं भौतिक शक्ति का प्रतीक भी है। मानस में वर्णित आयुध विज्ञान का यह ज्ञान आधुनिक संदर्भ में भी प्रासंगिक है।













